• Jagran.com
  • Jagran Josh
  • Her Zindagi
  • Onlymyhealth
  • Jagran TV
  • Vishvas News
  • Inextlive
मेरी खबरें
  • होम
  • ताजा खबरें
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • उत्तर प्रदेश
  • देश
  • धर्म
  • मनोरंजन
  • राशिफल
  • लाइफस्टाइल
  • अन्य
    • बिज़नेस
    • बड़ी खबरें
    • खेल
    • विदेश
    • करियर
    • टॉपिक्स
    • टेक्नोलॉजी
    • शिक्षा
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • राशिफल
  • राज्य चुनें
  • ई-पेपर
  • फटाफट
  • राशिफल
  • वेब स्टोरीज
नईदुनिया ट्रेंडिंग
  • बढ़ता यूपी
  • समृद्ध उत्तराखंड
  • शारदीय नवरात्रि
  • होम
  • धर्म
  • विधि / उपाय

रावण दहन के बाद जली लकड़ी और राख को घर ले आना क्‍या सच में शुभ है?

रावण को जलाने के बाद, बहुत से लोग उसकी लकड़ी और राख को अपने घर ले आते हैं। आखिर इस परंपरा के पीछे क्या कारण हैं? तो चलिए इस सवाल का जवाब ढूंढते हैं और...और पढ़ें

By Digital DeskEdited By: Navodit Saktawat
Publish Date: Mon, 19 Oct 2026 05:19:26 PM (IST)Updated Date: Mon, 19 Oct 2026 05:52:16 PM (IST)
रावण दहन के बाद जली लकड़ी और राख को घर ले आना क्‍या सच में शुभ है?
रावण दहन की राख का उपाय।

HighLights

  1. रावण दहन की लकड़ी और राख को घर लाने से लाभ होता है।
  2. नेगेटिव एनर्जी दूर होती है और घर में पॉजिटिव एनर्जी आती है।
  3. कई लोग इसे खेतों में फेंक देते हैं। इससे अच्छी फसल होती है।

धर्म डेस्‍क। भारत में दशहरा का त्योहार बहुत धूमधाम से मनाया जाता है। यह त्योहार बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक है, जिसे रावण दहन के रूप में मनाया जाता है। रावण को जलाने के बाद, बहुत से लोग उसकी लकड़ी और राख को अपने घर ले आते हैं। आखिर इस परंपरा के पीछे क्या कारण हैं? तो चलिए इस सवाल का जवाब ढूंढते हैं और जानते हैं कि रावण दहन की लकड़ी और राख को घर लाने का क्या महत्व है।

रावण दहन परंपरा और इसका महत्व

दशहरा या विजयदशमी हिंदू धर्म के प्रमुख त्योहारों में से एक है। इस दिन भगवान राम ने रावण का वध किया था और इसे बुराई पर अच्छाई की जीत के प्रतीक के रूप में मनाया जाता है। देश भर में बड़े-बड़े खेतों में रावण, मेघनाद और कुंभकर्ण के पुतले जलाए जाते हैं। रावण दहन का यह दृश्य देखकर बहुत से लोग उसकी लकड़ी और राख को अपने घर ले आते हैं।


राख और लकड़ी घर लाने का धार्मिक महत्व

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, रावण दहन की लकड़ी और राख को घर लाने से नेगेटिव एनर्जी दूर होती है और घर में पॉजिटिव एनर्जी आती है। यह भी माना जाता है कि इस राख और लकड़ी में भगवान राम की शक्ति होती है, जो आपके घर को बुरी नज़र और परेशानियों से बचाती है।

घर में सुख-समृद्धि बनी रहे, इसके लिए राख को पूजा की जगह पर रखा जाता है। कई लोग इसे खेतों में भी फेंक देते हैं, उनका मानना ​​है कि इससे अच्छी फसल होती है।

naidunia_image

दशहरे के दिन 'नीलकंठ' पक्षी का दिखना शुभ क्यों माना जाता है? धार्मिक मान्‍यताओं में बताई गई है वजह

रावण दहन की राख के पीछे वैज्ञानिक नज़रिया

रावण दहन की राख को न सिर्फ़ धार्मिक बल्कि वैज्ञानिक नज़रिए से भी ज़रूरी माना जाता है। यह राख लकड़ी और नैचुरल चीज़ों से बनी होती है, जो पर्यावरण के लिए नुकसानदायक नहीं होती। कुछ लोगों का मानना ​​है कि यह राख पर्यावरण को शुद्ध करती है और मिट्टी की उपजाऊ शक्ति बढ़ाने में मदद करती है।

कई ग्रामीण इलाकों में लोग इस राख को अपने खेतों में मिलाते हैं ताकि फसलों पर कीड़े न लगें और मिट्टी की क्वालिटी बेहतर हो सके। इससे पता चलता है कि यह परंपरा सिर्फ़ धार्मिक कारणों से ही नहीं है, बल्कि इसके पर्यावरण और खेती से जुड़े फ़ायदे भी हैं।

naidunia_image

दशहरे के 7 उपाय जो रोजगार, सेहत, नौकरी, व्‍यापार सभी क्षेत्रों में देंगे फायदा

लकड़ी घर लाने की परंपरा

रावण दहन से बची हुई लकड़ी को घर लाने की परंपरा भी खास है। माना जाता है कि यह लकड़ी परिवार को बुरी ताकतों से बचाती है और घर में सुख-शांति बनाए रखती है। इन लकड़ियों को घर के दरवाज़े के पास रखा जाता है, ताकि घर में कोई बुरी नज़र या दुर्भाग्य न आए।

Dussehra 2026: दशहरे पर रावण जलाने की परंपरा कितनी पुरानी है? जानें रामलीला से लेकर विजयादशमी तक का इतिहास